बीमारी को समय रहते पकड़ने के लिए पुरुषों को चाहिए समय पर कराते रहें जांच

बदलती जीवनशैली, व्यायाम की अनदेखी  और फास्टफूड से कम हो रही शारीरिक और मानसिक क्षमता

नोएडा। पुरुष अक्सर सामाजिक कारणों से अपनी सेहत पर  ध्यान नहीं देते हैं। यही कारण है कि कई पुरुष अपनी असल उम्र से ज्यादा के दिखाई देते हैं। जबकि थोड़ी सी जागरुकता और सावधानी से न सिर्फ वह स्वस्थ जीवन जी सकते हैं बल्कि अपनी आयु को भी बढ़ा सकते हैं। इसके लिए समय पर जांच, संतुलित जीवनशैली और मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना जरूरी है।

फेलिक्स अस्पताल के डॉ सलिल मलिक  ने बताया कि हर साल जून के दूसरे सप्ताह में मनाया जाने वाला अंतरराष्ट्रीय पुरुष स्वास्थ्य सप्ताह इस वर्ष 9 से 15 जून 2025 तक मनाया जा रहा है। इस सप्ताह का उद्देश्य दुनियाभर में पुरुषों और लड़कों के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं पर ध्यान केंद्रित करना, समय रहते बीमारी की पहचान कराना और नियमित जांच की अहमियत को पहचानना है। पिछले दो दशकों से अधिक समय से यह अभियान पुरुषों की उपेक्षित सेहत को मुख्यधारा में लाने की कोशिश कर रहा है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की एक रिपोर्ट के अनुसार पुरुषों की औसत आयु महिलाओं से कम है। वर्ष 2015 में पुरुषों की वैश्विक औसत आयु 69.1 वर्ष थी। जबकि महिलाओं की 73.8 वर्ष। बुजुर्ग पुरुषों को हृदय रोग, कैंसर, मधुमेह जैसी बीमारियों का खतरा अधिक रहता है। मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी पुरुष ज्यादा प्रभावित होते हैं। खासकर बुजुर्ग  पुरुष जो सामाजिक अलगाव के शिकार हो जाते हैं।

पुरुषों के लिए आयु अनुसार स्वास्थ्य जांच की सिफारिशेंः
● आयु 20 वर्ष पार होने पर हर साल सामान्य शारीरिक जांच के साथ रक्तचाप, वजन, ऊंचाई की माप के अलावा एसटीडी, एचआईवी, त्वचा कैंसर की जांच कराएं। 
● हर 5 वर्ष पर कोलेस्ट्रॉल जांच, आंख, दांत, यकृत की स्क्रीनिंग कराएं। 
● आयु  30 वर्ष पार होने पर अगर फॅमिली हिस्ट्री हो तो हृदय रोग की जांच के साथ मधुमेह और थायरॉयड की स्क्रीनिंग कराएं। 

● आयु 40 वर्ष पार होने पर से लिवर, एनीमिया, प्रोस्टेट कैंसर की जांच कैंसर मार्कर की जांच कराएं। 
50 वर्ष पार होने पर कोलन कैंसर, फेफड़ों के कैंसर की जांच कराने के साथ टाइप-2 डायबिटीज, लिपिड प्रोफाइल की जांच कराएं। 
● आयु 60 वर्ष पार होने पर अल्जाइमर, डिमेंशिया, बोन डेंसिटी की जांच के अलावा कैरोटिड अल्ट्रासाउंड, डिप्रेशन स्कैन जांच कराए। 

● आयु 70 वर्ष पार करने के बाद हर 6 माह में नियमित स्वास्थ्य जांच कराएं। यदि पहले से कोई बीमारी है, तो और भी अधिक सतर्कता और निगरानी जरूरी है।

दीर्घायु के लिए जीने का सही तरीकाः
● खुश रहने के लिए मित्र बनाएं।
● तंबाकू, शराब से दूर रहें।
● तेज धूप में बाहर निकलने से बचें।
● जोखिमपूर्ण ड्राइविंग यानी तेज गाड़ी चलाने से बचें।
● चिकित्सक की सलाह पर ही विटामिन हर्ब्स का सेवन करें।
● वजन संतुलित रखें और नियमित व्यायाम करें।
●  हँसते रहें – यह एंडॉर्फिन हार्मोन बढ़ाता है, जिससे मन प्रसन्न रहता है और आयु भी बढ़ती है।